तस्यां हतायां दुष्टायां सिंहे च विनिपातिते । शीघ्रमागम्यतां बद्ध्वा गृहीत्वा तामथाम्बिकाम् ॥ २४ ॥
tasyāṁ hatāyāṁ duṣhṭāyāṁ siṁhe cha vinipātite śhīghramāgamyatāṁ baddhvā gṛihītvā tāmathāmbikām
हिंदी अर्थ
जब वह दुष्टा मारी जाए और सिंह भी गिरा दिया जाए, तब उस अम्बिका को बाँधकर पकड़कर शीघ्र लौट आना।"
भावार्थ
उसके आदेश परस्पर विरोधी हैं: उसे मार डालो, फिर बाँधकर लाओ। क्रोध ने उसके मन को भ्रमित कर दिया है। अध्याय अगले आक्रमण की तैयारी के साथ समाप्त होता है।
