या देवी सर्वभूतेषु शान्तिरूपेण संस्थिता । नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः ॥ ४७-४९ ॥
yā devī sarvabhūteṣhu śhāntirūpeṇa saṁsthitā namastasyai namastasyai namastasyai namo namaḥ
हिंदी अर्थ
जो देवी सब प्राणियों में शांति रूप से स्थित हैं, उनको नमस्कार, उनको नमस्कार, उनको नमस्कार, बार-बार नमस्कार।
भावार्थ
"शांति": हर आध्यात्मिक मार्ग का लक्ष्य, जो भी उनका ही रूप है।
