क्रोधरक्तेक्षणावत्तुं ब्रह्माणं जनितोद्यमौ । समुत्थाय ततस्ताभ्यां युयुधे भगवान् हरिः ॥ ९३ ॥
krodharaktekṣhaṇāvattuṁ brahmāṇaṁ janitodyamau samutthāya tatastābhyāṁ yuyudhe bhagavān hariḥ
हिंदी अर्थ
क्रोध से लाल नेत्रों वाले, ब्रह्मा को खा जाने को तैयार। तब भगवान हरि उठकर उनसे युद्ध करने लगे,
भावार्थ
गीता प्रेस यहाँ "अत्तुं" (खाने को) के स्थान पर "हन्तुं" (मारने को) पाठान्तर बताता है।
