वृश्चिक वार्षिक राशिफल 2026
♏︎ वृश्चिक राशि — चंद्र राशि से, ग्रहों की वास्तविक स्थिति के आधार पर।
वृश्चिक राशिफल — 2026
सावधानी2026 में बारह में से 2 महीने वृश्चिक राशि के लिए अनुकूल रहेंगे — जून और सितंबर, जबकि मार्च, अप्रैल, मई, जुलाई, अगस्त, नवंबर और दिसंबर में अधिक सावधानी चाहिए।
वृद्धि और आशीर्वाद का ग्रह गुरु इस वर्ष लगभग 5 महीने आपके अनुकूल भाव में रहेगा, और धैर्यपूर्ण मेहनत का फल देने वाला शनि इस वर्ष किसी भी समय आपके अनुकूल भाव में नहीं रहेगा। यही दो ग्रह वर्ष की दिशा तय करते हैं — नीचे का मासिक विवरण बताता है कि तेज़ चलने वाले ग्रह कब इसमें साथ देते हैं और कब बाधा डालते हैं।
शुभ अंक, शुभ रंग और शुभ दिन
- शुभ अंक
- 9
- शुभ रंग
- लाल
- शुभ दिशा
- पूर्व, उत्तर
- इस वर्ष के शुभ महीने
- जून, सितंबर
- सावधानी के महीने
- मार्च, अप्रैल, मई, जुलाई, अगस्त, नवंबर, दिसंबर
- वृश्चिक राशि के शुभ वार
- मंगलवार, गुरुवार, रविवार
करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य
- करियर★★★★★
- धन★★★★★
- प्रेम और परिवार★★★★★
- स्वास्थ्य★★★★★
माह-दर-माह
- जनवरी7 में से 3 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके तीसरे भाव (साहस, भाई-बहन और छोटी यात्राएँ) में।मिश्रित
- फ़रवरी7 में से 3 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके चौथे भाव (घर, माता और मन की शांति) में।मिश्रित
- मार्च7 में से 2 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके पाँचवें भाव (बुद्धि, संतान और प्रेम) में।सावधानी
- अप्रैल7 में से 1 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके छठे भाव (शत्रु, ऋण और रोग) में।सावधानी
- मई7 में से 2 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके सातवें भाव (जीवनसाथी और साझेदारी) में।सावधानी
- जून7 में से 4 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके सातवें भाव (जीवनसाथी और साझेदारी) में।अनुकूल
- जुलाई7 में से 2 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके आठवें भाव (बाधाएँ और अचानक घटनाएँ) में।सावधानी
- अगस्त7 में से 2 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके नौवें भाव (भाग्य, धर्म और बड़े) में।सावधानी
- सितंबर7 में से 4 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके दसवें भाव (कर्म और प्रतिष्ठा) में।अनुकूल
- अक्टूबर7 में से 3 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके ग्यारहवें भाव (लाभ और इच्छापूर्ति) में।मिश्रित
- नवंबर7 में से 1 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके बारहवें भाव (व्यय, विश्राम और त्याग) में।सावधानी
- दिसंबर7 में से 2 ग्रह अनुकूल; सूर्य आपके पहले भाव (स्वयं और शरीर) में।सावधानी
ग्रह गोचर
- गुरुवृश्चिक से 8वाँ भावचुनौतीपूर्ण
1 जनवरी से: आठवें भाव में गुरु बाधाएँ, थकान और अचानक खर्च देता है; धैर्य और प्रार्थना सहायक होंगे।
2 जून को यह कर्क राशि, यानी आपके नौवें भाव में प्रवेश करेगा: नौवें भाव में गुरु सबसे शुभ स्थिति में है — भाग्य, धर्म, तीर्थयात्रा और गुरु का मार्गदर्शन। 31 अक्टू॰ को यह सिंह राशि, यानी आपके दसवें भाव में प्रवेश करेगा: दसवें भाव में गुरु काम में बदलाव और दबाव ला सकता है; अपनी प्रतिष्ठा का ध्यान रखें।
- शनिवृश्चिक से 5वाँ भावचुनौतीपूर्ण
1 जनवरी से: पाँचवें भाव में शनि पढ़ाई और योजनाओं की गति धीमी करता है और संतान की चिंता देता है; सट्टे से बचें।
- राहुवृश्चिक से 4वाँ भावचुनौतीपूर्ण
1 जनवरी से: चौथे भाव में राहु घरेलू शांति भंग करता है और संपत्ति के मामलों में उलझन देता है।
6 दिस॰ को यह मकर राशि, यानी आपके तीसरे भाव में प्रवेश करेगा: तीसरे भाव में राहु साहस, तकनीकी कौशल और जोखिम वाले कामों में सफलता देता है।
उपाय
- हनुमान चालीसा का पाठ करें और हनुमान जी को सिंदूर या लाल फूल चढ़ाएँ। हनुमान चालीसा →
- पीले फूलों से भगवान विष्णु की पूजा करें और चने की दाल या केले अर्पित करें। विष्णु चालीसा →
यह राशिफल कैसे निकाला गया है
भक्ति आरोहण टीम · दिन की ग्रह स्थिति से गणना
- वार्षिक फल गुरु, शनि और राहु के पूरे वर्ष के गोचर पर आधारित है, उनके राशि बदलने की सटीक तारीख़ों के साथ। हर महीने का अनुमान इस पर है कि उस महीने की 15 तारीख़ को सात ग्रहों (सूर्य, मंगल, बुध, शुक्र, गुरु, शनि, राहु) में से कितने आपकी राशि से अनुकूल भाव में हैं।
- शुभ अंक वृश्चिक राशि के स्वामी मंगल से लिया गया है; शुभ रंग उस दिन के स्वामी ग्रह का रंग है जब वार राशि के अनुकूल हो, वरना मंगल का अपना रंग।
यह चंद्र राशि पर आधारित फल है — इस राशि में चंद्रमा वाले सभी लोगों के लिए एक समान। आपकी अपनी जन्म कुंडली, दशा और लग्न से गोचर का असर बदलता है, इसलिए बड़े फ़ैसलों के लिए किसी ज्योतिषी से परामर्श लें। ज्योतिषी से बात करें
